UPI Transactions Stopped में दोस्तों, यूपीआई यूज़ करने वालों के लिए बहुत बड़े बदलाव के साथ UPI Transactions Stopped होने जा रहा है।
UPI Transactions Stopped के बारे में
UPI Transactions Stopped के इस लेख को आप पूरा जरूर पढ़ें क्योंकि यूपीआई आजकल हर कोई यूज़ कर रहा है। यूपीआई तो आप समझ ही गए होंगे। फोन पे के रूप में हो, Paytm के रूप में हो, Google P के रूप में हो या फिर किसी भी पे के रूप में ऐप में इस्तेमाल करते हैं उसे यूपीआई हम बोलते हैं।
UPI Transactions Stopped में अब यूपीआई के नाम पर इतना ज्यादा फर्जीवाड़ा होने लगा है कि अब एनपीसीआई ने नेशनल पेमेंट कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया जिसके अंडर में यूपीआई काम करता है। तो बहुत बड़ा बदलाव करने जा रही है।
वो इसलिए कि आजकल स्कैमर क्या कर रहे हैं। कि बहुत सारे भोलेभाले लोगों को क्यूआर कोड भेज देते हैं। उनको रिवार्ड एक्सेप्ट करने के रूप में या फिर कोई ऑफर का लालच देकर बहुत सारे स्कैमर करते हैं कि ₹2000 किसी के अकाउंट पर भेज देते हैं। आजकल ये प्रचलन में है।
और वापस मंगाने के नाम पर वो कुछ रिक्वेस्ट भेजते हैं। और क्या होता है वहां पे पिन डाला जाता है 2000 के चक्कर में पूरा खाता साफ हो जाता है। तो ऐसेसे बहुत सारे स्कैमर स्कैम कर रहे हैं। तो सबसे बचने के लिए दो तीन इसमें बदलाव किया जा रहा है। जो 1 अक्टूबर 2025 से लागू हो जाएगा।
पहला तो पेयर टू पेयर जो था ट्रांजैक्शन सिस्टम उसको हमेशा के लिए यूपीआई सिस्टम से ही हटाया जा रहा है। यूनाइटेड पेमेंट इंटरफेस इससे बिल्कुल हटाया जा रहा है। आप पेयर टू पेयर आप पैसा का ट्रांजैक्शन नहीं कर पाएंगे। जैसे होता क्या था कि आपको किसी से पैसे लेने हैं।
दोस्त से लेने हैं, रिश्तेदार से लेने हैं या किसी से मंगाने हैं। पैसे कभी इमरजेंसी में तो होता क्या था कि आप उनको रिक्वेस्ट भेजते थे। 2000 का या 4000 का या 5000 का या 500 का और वो क्या होता था। वहां पर जैसे पिन डालता था। पैसा उसके अकाउंट से कट के उतना पैसा आपके पास आ जाता था।
UPI Transactions Stopped क्या है
UPI Transactions Stopped में यह कलेक्ट रिक्वेस्ट फीचर था। बहुत अच्छा फीचर था। आप किसी को रिक्वेस्ट भेजते थे। और पैसा आराम से उतना ही जितना आपने टाइप करके वहां पे डाला हुआ है। उतना ही आपको पैसा आ जाता था। उसका पिन डालते आपके पास पैसा आ जाता था। यह फीचर अभी भी है
लेकिन 1 अक्टूबर 2025 के बाद यह हमेशा के लिए बंद कर दिया जाएगा। मतलब कि अब किसी को पैसा भेजना है तो जो सिस्टम है। उसी सिस्टम से भेजना है आपको। वहां पे पैसा डालना पड़ेगा। आप जितना भेजना चाहते हैं कंफर्मकरेंगे नाम चेक करेंगे उसके बाद पिन डालेंगे फिर पैसा जाएगा। तो इससे क्या होगा कि फर्जीवारा रुक जाएगा।
जो फर्जीवारा लोग पे टू पेयर में कुछ रिक्वेस्ट भेज देते हैं और बोलते हैं। कि आप पिन जैसे डालेंगे आपको यह ऑफर मिलेगा। यह आपको रिवार्ड मिल जाएगा। बहुत सारे चीज का लालच देके लोगों का पैसा उड़ा लेते हैं। तो अब लोगों के साथ ऐसा नहीं होगा क्योंकि ऐसा सिस्टम ही नहीं रहेगा कि सिर्फ पिन डालने से आपका पैसा उड़ जाएगा।
UPI Transactions Stopped की अन्य प्रक्रिया
जब तक आप पूरा प्रोसेस नहीं करेंगे तब तक पैसा किसी के पास नहीं जाएगा। जैसे आप किसी के नंबर पर भेजते हैं या फिर किसी के स्कैन पर भेजते हैं। तो स्कैन करते हैं। वहां पर पैसा डालते हैं, पिन डालते हैं। उसके बाद जाकर पैसा जाता है। पेयर टू पेयर में क्या होता है? कोई भी व्यक्ति रिक्वेस्ट आपको कर देता है।
आप सिर्फ पिन डालते हैं और पैसा उतना कट जाता है। जितना कि उसने रिक्वेस्ट आपको भेजा हुआ है। और यह सिस्टम बहुत सारे भोले भाले लोगों को पता नहीं था जिसका फायदा स्कैमर उठा रहे थे। दूसरा क्या है कि 1 अक्टूबर 2025 से क्रेडिट लाइन ऑन यूपीआई चालू कर दिया जाएगा आम तरीके पे। अभी तो ट्रायल में चल रहा था।
लेकिन आमतौर पर उसे चालू कर दिया जाएगा। सबके लिए चालू कर दिया जाएगा। अभी कुछ विशेष लोग ही उसका फायदा उठा पा रहे हैं। ऐसे है कि सबके लिए चालू कर दिया जाएगा। क्रेडिट लाइन क्या है? क्रेडिट लाइट यह है कि आपके अकाउंट में आपके खाते में पैसा ना भी है। तो आप क्रेडिट कार्ड के तरह एक लिमिट आपको मिलता है।
UPI Transactions Stopped का कारण
पैसा कि इतना पैसा का इस्तेमाल कर सकते हैं। चाहे 20000 हो 30000 हो 500 हो 1 लाख हो जिसका जैसा अकाउंट का वैल्यू होगा। जिस तरह उनका ट्रांजैक्शन होता होगा जिसका जितना अच्छा सिविल स्कोर होगा उस आधार पर उसको क्रेडिट लाइन मिल जाता है।
उससे क्या होता है कि आपके अकाउंट में पैसा अगर जीरो है। अभी किसी कारण से बाद में आने वाला है। तो आप 2000 हो 30000 हो 50000 जितना लिमिट आपको मिला हुआ है। उतना पैसा किसी को भेज सकते हैं। खर्च कर सकते हैं शॉपिंग कर सकते उस पैसे का इस्तेमाल कर सकते हैं।
फिर आपका पैसा आ जाता है तो उस पैसे को फिर वापस आप उनको पेमेंट कर सकते हैं। यह 50 दिन का समय क्रेडिट कार्ड में जैसे मिलता है। इसी प्रकार से इसमें भी 40 से 45 से 50 दिन का समय आपको मिलेगा। फिर से मैं आपको बता दूंकि क्रेडिट लाइन स्टार्ट है। अभी चल रहा है।
ट्रायल में बहुत लोग इस्तेमाल भी कर रहा है। लेकिन आमतौर पर लोग इस्तेमाल नहीं कर रहे हैं। कुछ विशेष लोगों को ही यह फायदा मिल रहा है। वो भी बैंक से परमिशन लेके उनको लेना पड़ता है। लेकिन 1 अक्टूबर 2025 है। यह आमतौर पर सबको मिलेगा। अगर रिस्क बेस्ट देंगे तो यूपीआई की तरफ से सबको कुछ ना कुछ लिमिट दिया जाएगा।
अगर आपका ट्रांजैक्शन अच्छा रहेगा। आप पुराने कस्टमर वैलुएबल कस्टमर रहेंगे तो। इसके साथ ही एनपीसीआई ने कुछ अनऑथोराइज्ड वॉलेट हो गया या फिर पुराने थर्ड पार्टी ऐप हो गया, असुरक्षित ऐप हो गया। उन सभी पर रोक लगा देगी 1 अक्टूबर 2025 के बाद।
UPI Transactions Stopped के कारण में विभिन्न ऐप
बहुत सारे ऐसे यूपीआई का भी ऐप आ गया है। PhonePe, Google Pay, Paytm, Amazon P, BP, BM ऐप, यूपीआई। इसके अलावा बहुत सारे हैं। बहुत सारे। तो बाकी जो मैंने आपको नाम बताया ये सब ऑथोराइज है, सुरक्षित है लेकिन बहुत सारे ऐसे हैं जो अन ऑथोराइज है।
तो उस पर एनपीसीआई लगाम लगाएगी अगर वो भी सुरक्षित है। अगर एनपीएससीआई के गाइडलाइन पे काम कर रही है। तो सबका लिस्ट एनपीसीआई खुद जारी कर देगा और आप उसका इस्तेमाल धड़ल्ले से कर सकते हैं। अब तो यूपीआई के तौर पर आप देख रहे होंगे कि आप WhatsApp से भी पैसा पेमेंट कर सकते हैं।
UPI Transactions Stopped में इसके अलावा भी ट्रू कॉलर ने भी ले आया है यूपीआई। ऐसेसे बहुत सारे आ रहा है लेकिन अगर एनपीसीआई के गाइडलाइन में जो लोग काम कर रहे हैं। वो तो चलता रहेगा लेकिन बहुत सारे थर्ड पार्टी ऐप है। जो अनअ ऑथोराइज है जो एनपीसीआई जिनको मान्यता नहीं दे रखी है।
वो लोग भी काम कर रहे हैं आजकल लेकिन उस पर क्या है। रोक लगाया जाएगा 1 अक्टूबर बाद सबको हमेशा के लिए बैन कर दिया जाएगा जो फालतू ऐप है। फ्रॉड ऐप है जो लोगों को प्रलोभन देकर और उसको इंस्टॉल करने का लालच देते हैं। तो आप सतर्क रहे सावधान सबसे बड़ी बात आपको बता दूं कि कोई भी क्यूआर कोड जो होता है।
जिसको क्विक रिस्पांस कोड बोलते हैं वो क्या होता है उस पर पैसा डालने के नहीं होता है। मतलब क्यूआर कोड पर आप स्कैन करके पैसा डालते हैं। उससे पैसा ले नहीं सकते हैं। किसी भी क्यूआर कोड के माध्यम से स्कैन करके पैसा वापस ले नहीं सकते हैं। उस पर पेमेंट ही होगा।
चाहे जितना का पेमेंट हो आप कर रहे हैं। पेमेंट ही होगा। तो स्कैमर जब आपको कोई क्यूआर कोड भेजता है या फिर कहींबोलता है कि आप स्कैन पे स्कैन करके पिन डालिए। आपके अकाउंट पर पैसा आ जाएगा। तो यह समझिए पूरे के पूरे फ्रॉड है। क्योंकि क्यूआर कोड से पैसा आपके अकाउंट पर आ ही नहीं सकता है।
UPI Transactions Stopped में पैसा जा सकता है हमेशा। तो इसीलिए कभी भी यह मत सोचिए कि कोई आपको लिंक भेज दे रहा है। कोई आपको क्यूआर कोड भेज दे रहा है। कोई आपको पेअ टू पेयर रिक्वेस्ट भेज दे रहा है। 5000 का 10,000 का 20,000 का आपको कहता है कि उसको क्लिक कीजिए और पिन डालिए।
UPI Transactions Stopped में कैशबैक
UPI Transactions Stopped और यह पेमेंट आपके अकाउंट में चला जाएगा। ऐसा कभी होता ही नहीं है। इसीलिए पेयर टू पेयर रिक्वेस्ट को बंद किया जा रहा है कि स्कैमर यही बोलते हैं कि यह ₹5,000 का पेमेंट है, 10,000 का पेमेंट है। जैसे आप पिन डालेंगे, यह आपके अकाउंट में चला जाएगा। यह आपको ऑफर दिया गया है।
UPI Transactions Stopped के अतिरिक्त यह कंपनी की तरफ से कैशबैक दिया गया है। कुछ ना कुछ बहाना बनाकर आपसे पैसा पेमेंट करवा लेते हैं। तो सतर्क रहें, सावधान रहें। अब इस पर एनपीसीआई खुद कारवाई करने जा रही है और फालतू फीचर को बंद करने जा रही है।
दोस्तों मेरी UPI Transactions Stopped की जानकारी में अपनी राय और प्रतिक्रिया अवश्य करें। जिससे मैं आयी हुयी कमियों में हम सुधार कर सकें।